रात में गांव में तंबाकू मांगने पहुंचा था उमेश, विवाद के बाद सिर पर किया गया प्राणघातक हमला; परिजनों का आरोप- आरोपी के पिता ने FIR कराने पर इलाज के लिए पैसे देने से किया इनकार**
**अंबिकापुर।** जशपुर जिले के सन्ना थाना क्षेत्र में मामूली विवाद के बाद 22 वर्षीय युवक की मौत का मामला सामने आया है। आरोप है कि गांव में तंबाकू मांगने को लेकर हुए विवाद के दौरान एक युवक ने उमेश नामक युवक के सिर पर लोहे की रॉड से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल उमेश को पहले स्थानीय अस्पताल, फिर अंबिकापुर के निजी अस्पताल और बाद में रायपुर रेफर किया गया। आर्थिक तंगी के चलते परिजन उसे रायपुर नहीं ले जा सके। बाद में अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
मामले में सबसे गंभीर आरोप यह है कि घायल युवक के परिजनों ने आरोपी के पिता से इलाज के लिए आर्थिक मदद मांगी तो कथित तौर पर उनसे कहा गया कि **यदि थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई तो इलाज के लिए पैसे नहीं दिए जाएंगे।** परिजनों का कहना है कि इसी वजह से उन्होंने तत्काल पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं कराई। बाद में जब हालत बिगड़ी और दोबारा आर्थिक मदद मांगी गई, तब भी कथित रूप से पैसे नहीं दिए गए।
## **तंबाकू मांगने की बात पर हुआ विवाद**
जानकारी के अनुसार जशपुर जिले के **सन्ना थाना क्षेत्र के ग्राम डोभा निवासी उमेश पिता जुगे राम** 28 अगस्त की रात करीब 9 बजे गांव में गया था। वहां उसने गांव के ही **रुस्तम** से तंबाकू मांगा।
बताया जा रहा है कि इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर रुस्तम ने लोहे की रॉड से उमेश के सिर पर हमला कर दिया। हमले में उमेश गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर ही बेहोश हो गया।
## **पहले सन्ना, फिर अंबिकापुर किया गया रेफर**
घटना की जानकारी मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे और गंभीर हालत में उमेश को सन्ना अस्पताल लेकर गए। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी स्थिति गंभीर देखते हुए चिकित्सकों ने उसे अंबिकापुर रेफर कर दिया।
परिजन उसे अंबिकापुर के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए आगे के इलाज के लिए **रायपुर रेफर** कर दिया।
लेकिन परिवार की आर्थिक स्थिति इतनी खराब थी कि वे उमेश को रायपुर ले जाने और वहां इलाज कराने का खर्च नहीं उठा सके। मजबूरी में परिजन उसे वापस ले आए।
## **FIR की बात पर इलाज के पैसे रोकने का आरोप**
परिजनों का आरोप है कि उमेश के इलाज के लिए उन्होंने आरोपी रुस्तम के पिता से आर्थिक मदद मांगी थी। आरोप है कि इस दौरान उसने कहा कि **अगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई तो वह इलाज के लिए कोई पैसा नहीं देगा।**
परिजनों के मुताबिक इसी कथित दबाव के कारण घटना के तत्काल बाद पुलिस में रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई गई।
बाद में उमेश की हालत लगातार बिगड़ती गई। परिजन दोबारा आरोपी के पिता के पास आर्थिक मदद मांगने पहुंचे, लेकिन कथित तौर पर वहां से भी उन्हें कोई सहायता नहीं मिली।
## **मेडिकल कॉलेज अस्पताल में तोड़ा दम**
समुचित और समय पर इलाज नहीं मिल पाने के बीच उमेश की तबीयत बिगड़ती चली गई। इसके बाद उसे **अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल** में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
22 वर्षीय युवक की मौत के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। परिजनों ने घटना की परिस्थितियों और इलाज के लिए कथित तौर पर आर्थिक मदद नहीं दिए जाने को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं।
## **पुलिस ने शुरू की जांच**
मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने अपराध दर्ज कर **केस डायरी जशपुर जिले के संबंधित थाने को भेज दी है**, क्योंकि घटना सन्ना थाना क्षेत्र के ग्राम डोभा की बताई गई है।
अब पुलिस घटना के मूल विवाद, रॉड से हमले, घायल युवक को समय पर उपचार मिलने की स्थिति और आरोपी पक्ष पर लगाए गए आर्थिक मदद रोकने के आरोपों सहित पूरे मामले की जांच करेगी।
**फिलहाल इस मामले में लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच जारी है। आरोपों की पुष्टि जांच और संबंधित पक्षों के बयान के बाद ही हो सकेगी।**






