कोरिया/सोनहत – सीएमएचओ डॉ. प्रशांत सिंह के निर्देश और बीएमओ बलवंत सिंह व दिलीप पाण्डेय के मार्गदर्शन में सोनहत के 4 अन्य दूरस्थ ग्रामों में भी सजेंगे कैंप
कठिन रास्तों को पार कर ग्रामीणों तक पहुँची चिकित्सकीय टीम; मेंटल हेल्थ, टीबी, कुष्ठ और मौसमी बीमारियों की हुई जाँच, 52 मरीज लाभान्वित छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश राज्य की सीमा से सटे जिला कोरिया के सबसे दूरस्थ, दुर्गम और बीहड़ रास्तों वाले वनांचल ग्राम दसेर में स्वास्थ्य विभाग ने पहुँचकर एक मिसाल पेश की है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला कोरिया डॉ. प्रशांत सिंह के विशेष निर्देशानुसार एवं खंड चिकित्सा अधिकारी सोनहत बलवंत सिंह तथा सुपरवाइजर दिलीप पाण्डेय के कुशल मार्गदर्शन में विकासखंड सोनहत के अंतिम छोर पर बसे दूरस्थ ग्रामों के लिए एक वृहद स्वास्थ्य शिविर अभियान की शुरुआत की गई है।
इसी कड़ी में अभियान का प्रथम विशेष स्वास्थ्य शिविर सोमवार, 15 जून 2026 को ग्राम पंचायत दसेर के ग्राम दसेर में सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। इस शिविर की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि स्वास्थ्य विभाग की टीम ने तमाम भौगोलिक चुनौतियों, बीहड़ रास्तों और दूरियों को दरकिनार करते हुए राज्य की सीमा पर स्थित इस अंतिम गाँव तक पहुँच बनाई और स्थानीय ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें मौके पर ही निःशुल्क दवाइयाँ वितरित कीं।
*गंभीर व मौसमी बीमारियों की हुई सघन जाँच*
इस विशेष कैंप में ग्रामीणों की सुविधा के लिए मेंटल हेल्थ (मानसिक स्वास्थ्य), टीबी (क्षयरोग), कुष्ठ रोग के साथ-साथ वर्तमान मौसम में होने वाली विभिन्न मौसमी बीमारियों की सघन जाँच और स्क्रीनिंग की गई। शिविर में स्वास्थ्य लाभ लेने के लिए स्थानीय ग्रामीणों में भारी उत्साह देखा गया, जहाँ कुल 52 मरीजों का बारीकी से स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श व दवाइयाँ दी गईं।
*जाँच के दौरान मिले मरीजों का आंकड़ा:*
शिविर में आधुनिक उपकरणों के माध्यम से गैर-संचारी रोगों की भी स्क्रीनिंग की गई, जिसमें
कुल लाभान्वित मरीज: 52
हाइपरटेंशन (उच्च रक्तचाप) व *शुगर (मधुमेह):* 09 मरीज (स्क्रीनिंग)
*पेचिश (Dysentery):* 05 मरीज
*फीवर (बुखार):* 02 मरीज
*टीबी सस्पेक्ट (संभावित क्षयरोग):* 02 मरीज (इनके सैंपल आगे की जाँच के लिए सुरक्षित किए गए हैं)
*अंतिम छोर तक स्वास्थ्य सुविधा पहुँचाना प्राथमिकता: स्वास्थ्य विभाग*
वनांचल के इस सबसे दूरस्थ इलाके में कैंप आयोजित होने पर स्थानीय ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग, सीएमएचओ डॉ. प्रशांत सिंह और बीएमओ बलवंत सिंह की इस अनूठी पहल की मुक्तकंठ से सराहना की। ग्रामीणों का कहना था कि इतनी दूरी और कठिन रास्तों के कारण वे जिला या ब्लॉक मुख्यालय तक इलाज के लिए नहीं पहुँच पाते थे, लेकिन डॉक्टरों की टीम ने खुद उनके द्वार आकर इलाज किया है।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सुदूर अंचलों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच सुनिश्चित करना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। दसेर से शुरू हुआ यह कारवां यहीं नहीं रुकेगा; आने वाले दिनों में इसी तरह के 4 और वृहद स्वास्थ्य शिविर विकासखंड सोनहत के अन्य अत्यंत दूरस्थ और वनांचल ग्रामों में लगाए जाएंगे, ताकि कोई भी नागरिक बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाओं से वंचित न रहे।




